शिव आया है।
| शिव आया है। शब्द ढूंढ रहे है जो तेरे मुख पे हसी ला सके, क्योकि आज तक हमने आपको रुलाया है हम आपसे अलग नहीं होना चाहते, आपकी अभी आदत हो गई है इतने प्यार से अपनी गोदी मे जो जुलाया है; हम भी मोक्ष चाहते है, आप भी वही देना चाहते समज नहीं आ रहा है अभी, हमारी पवित्र चाह के बीच मे कौन आया है? हमारी साधना नियमित नहीं, मालूम है, हम नीचे गिर के भी उठे गे जरूर, क्योकि हम सब पे आपके आशीर्वाद की छाया है; आप तक पहुच ने मे समय जरूर लगेगा लेकिन आप तक पहुचेंगे जरूर क्योकि उस मंजिल का रास्ता आप ने ही बनाया है ; हम भी आपके प्यार के समुद्र की गहेराई मे डूबना चाहते है जिस किसी ने आपको पाया है वो किनारो पे तेरा नहीं गहेराई मे डुबाया है; कोई इतना करुणा मई केसे हो सकता है? जो जहर पी कर अमृत बाटे फिर पता चला अपने भूतो को साथ मे लेजाने उसका शिव आया है। |
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